आंधी में गिरी झोपड़ी, मलबे में दबकर 14 वर्षीय किशोर की मौत; नारायणपुर में पसरा मातम

प्रखंड क्षेत्र के सहियार पंचायत अंतर्गत नारायणपुर गांव में सोमवार की शाम आई तेज आंधी और बारिश ने एक परिवार की खुशियां छीन लीं। प्राकृतिक आपदा के दौरान फूसनुमा झोपड़ी गिरने से उसमें दबकर 14 वर्षीय किशोर कौशल कुमार की दर्दनाक मौत हो गई। घटना के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल है।

आंधी में गिरी झोपड़ी, मलबे में दबकर 14 वर्षीय किशोर की मौत; नारायणपुर में पसरा मातम

केटी न्यूज/सिमरी

प्रखंड क्षेत्र के सहियार पंचायत अंतर्गत नारायणपुर गांव में सोमवार की शाम आई तेज आंधी और बारिश ने एक परिवार की खुशियां छीन लीं। प्राकृतिक आपदा के दौरान फूसनुमा झोपड़ी गिरने से उसमें दबकर 14 वर्षीय किशोर कौशल कुमार की दर्दनाक मौत हो गई। घटना के बाद पूरे गांव में शोक का माहौल है।मृतक की पहचान नारायणपुर गांव निवासी कृष्ण कुमार राम के पुत्र कौशल कुमार के रूप में हुई है। बताया जाता है कि सोमवार की शाम अचानक मौसम का मिजाज बदल गया और तेज हवा के साथ बारिश शुरू हो गई। इसी दौरान कौशल कुमार अपनी झोपड़ी में मौजूद था। तेज हवा के दबाव के कारण कमजोर झोपड़ी अचानक धराशायी हो गई, जिससे किशोर मलबे के नीचे दब गया।

झोपड़ी गिरने की आवाज सुनकर आसपास के लोग मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों की मदद से काफी मशक्कत के बाद किशोर को बाहर निकाला गया। हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हो गया था। परिजन आनन-फानन में उसे इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सिमरी लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर हालत को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल बक्सर रेफर कर दिया।परिजन घायल किशोर को लेकर सदर अस्पताल पहुंचे, लेकिन चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। किशोर की मौत की खबर मिलते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। माता-पिता और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं इस घटना से गांव के लोग भी स्तब्ध हैं।

ग्रामीणों के अनुसार सोमवार की शाम आई तेज आंधी-बारिश से क्षेत्र के कई हिस्सों में नुकसान हुआ है, लेकिन नारायणपुर में हुई इस घटना ने सभी को झकझोर दिया। लोगों ने प्रशासन से पीड़ित परिवार को आपदा सहायता और अन्य सरकारी लाभ उपलब्ध कराने की मांग की है।घटना की जानकारी मिलने के बाद सहियार पंचायत की मुखिया हीरामुनि देवी ने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर उन्हें सांत्वना दी। उन्होंने कबीर अंत्येष्टि योजना के तहत तीन हजार रुपये की सहायता राशि का चेक भी परिजनों को सौंपा। ग्रामीणों ने प्रशासन से परिवार की आर्थिक स्थिति को देखते हुए आगे भी मदद उपलब्ध कराने की मांग की है।