नगर परिषद खरीद मामलों की जांच में तेजी, अभिलेखों की पड़ताल से बढ़ी हलचल

नगर परिषद में बीते वर्षों के दौरान हुई विभिन्न सामग्रियों की खरीद और विकास कार्यों से जुड़े मामलों की जांच अब निर्णायक चरण में पहुंचती दिखाई दे रही है। बुधवार को डीआरडीए निदेशक एवं वरीय उप समाहर्ता अमित कुमार नगर परिषद कार्यालय पहुंचे और कई घंटों तक विभागीय अभिलेखों एवं संचिकाओं का गहन निरीक्षण किया।

नगर परिषद खरीद मामलों की जांच में तेजी, अभिलेखों की पड़ताल से बढ़ी हलचल

केटी न्यूज/डुमरांव

नगर परिषद में बीते वर्षों के दौरान हुई विभिन्न सामग्रियों की खरीद और विकास कार्यों से जुड़े मामलों की जांच अब निर्णायक चरण में पहुंचती दिखाई दे रही है। बुधवार को डीआरडीए निदेशक एवं वरीय उप समाहर्ता अमित कुमार नगर परिषद कार्यालय पहुंचे और कई घंटों तक विभागीय अभिलेखों एवं संचिकाओं का गहन निरीक्षण किया। जांच के दौरान अधिकारियों ने खरीद प्रक्रिया से संबंधित महत्वपूर्ण दस्तावेजों की बारीकी से समीक्षा की तथा कई आवश्यक संचिकाएं अपने साथ ले गईं।बताया जाता है कि नगर परिषद में कराए गए विभिन्न कार्यों और उपकरणों की खरीद को लेकर दर्ज शिकायतों के आधार पर यह जांच की जा रही है।

जांच टीम ने कार्यालय में उपलब्ध अभिलेखों का मिलान करते हुए खरीद, भुगतान और कार्यान्वयन से जुड़े बिंदुओं की जानकारी जुटाई। अधिकारियों की मौजूदगी के कारण पूरे दिन नगर परिषद कार्यालय में गतिविधियां तेज रहीं और कर्मचारियों के बीच भी चर्चा का माहौल बना रहा।सूत्रों के अनुसार जांच के दायरे में नगर क्षेत्र में लगाए गए हाईमास्ट लाइट, डेकोरेटिव लाइट, डस्टबिन और कचरा प्रबंधन से जुड़ी मशीनों की खरीद प्रक्रिया शामिल है। शिकायतकर्ता द्वारा इन योजनाओं में वित्तीय एवं प्रक्रियागत अनियमितताओं का आरोप लगाया गया है, जिसके बाद जिला प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कराई है।

जांच टीम ने उपलब्ध अभिलेखों के आधार पर खरीद संबंधी स्वीकृतियों, भुगतान विवरण, निविदा प्रक्रिया तथा सामग्री उपलब्धता से जुड़े दस्तावेजों की पड़ताल की। अधिकारियों ने संबंधित कर्मियों से भी आवश्यक जानकारी प्राप्त की। हालांकि जांच पूरी होने तक किसी भी प्रकार की आधिकारिक टिप्पणी से प्रशासनिक अधिकारी बचते नजर आए।मामला फिलहाल जिलाधिकारी के स्तर पर विचाराधीन है। जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के बाद आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। नगर परिषद में चल रही इस पड़ताल को लेकर स्थानीय लोगों की निगाहें प्रशासनिक निर्णय पर टिकी हुई हैं। वहीं जांच की रफ्तार बढ़ने से नगर परिषद परिसर में संभावित प्रशासनिक कार्रवाई को लेकर चर्चाओं का बाजार भी गर्म हो गया है।