आंखों में नमी, दिलों में सम्मान, चक्की थाना से दो दरोगाओं की भावुक विदाई
चक्की थाना परिसर रविवार को एक अनोखे भावनात्मक माहौल का साक्षी बना, जब दो सब-इंस्पेक्टर मुकेश कुमार और शंभू शरण को विदाई दी गई। यह सिर्फ एक औपचारिक कार्यक्रम नहीं था, बल्कि पुलिस और जनता के बीच बने विश्वास और आत्मीयता के रिश्ते का जीवंत उदाहरण था।

__जनता से बने रिश्तों ने विदाई को बनाया यादगार, हर चेहरे पर बिछड़ने का दर्द
केटी न्यूज/चक्की
चक्की थाना परिसर रविवार को एक अनोखे भावनात्मक माहौल का साक्षी बना, जब दो सब-इंस्पेक्टर मुकेश कुमार और शंभू शरण को विदाई दी गई। यह सिर्फ एक औपचारिक कार्यक्रम नहीं था, बल्कि पुलिस और जनता के बीच बने विश्वास और आत्मीयता के रिश्ते का जीवंत उदाहरण था।स्थानांतरण की खबर जैसे ही क्षेत्र में फैली, गांव-जवार के लोग स्वतः ही थाना परिसर पहुंचने लगे। देखते ही देखते माहौल भावुक हो गया। किसी ने फूलों से स्वागत किया, तो किसी ने अंगवस्त्र ओढ़ाकर सम्मान जताया।

लेकिन सबसे ज्यादा असर उन नम आंखों ने छोड़ा, जो इस बात की गवाही दे रही थीं कि ये दोनों अधिकारी सिर्फ कानून के रखवाले नहीं, बल्कि लोगों के अपने बन चुके थे।ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने कहा कि मुकेश कुमार और शंभू शरण ने अपने कार्यकाल में ईमानदारी और संवेदनशीलता की मिसाल पेश की। उन्होंने न केवल निष्पक्ष कार्रवाई की, बल्कि आम लोगों की समस्याओं को भी अपने परिवार की तरह समझा। यही कारण रहा कि क्षेत्र में कानून व्यवस्था मजबूत हुई और लोगों का भरोसा पुलिस पर और गहरा हुआ।

मुखिया प्रतिनिधि गुंजन कुमार और पूर्व मुखिया अजीत सिंह समेत कई गणमान्य लोगों ने उन्हें स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया।विदाई के क्षण में खुद दोनों अधिकारियों की आवाज भी भर्रा गई। उन्होंने कहा कि चक्की की मिट्टी, यहां के लोगों का स्नेह और सहयोग उनके जीवन की अमूल्य पूंजी रहेगा।तालियों की गूंज के बीच समारोह समाप्त हुआ, लेकिन यह विदाई लंबे समय तक लोगों के दिलों में एक भावुक याद बनकर जिंदा रहेगी।

