इटाढ़ी गुमटी खोलने और ओवरब्रिज हादसे की जांच को लेकर बक्सर में होगा विशाल धरना
रेलयात्री कल्याण समिति की बक्सर शाखा ने इटाढ़ी रेलवे गुमटी को तत्काल खोलने तथा हाल ही में 48 घंटे के भीतर ध्वस्त हुए ओवरब्रिज निर्माण प्रकरण की उच्चस्तरीय जांच की मांग को लेकर आंदोलन तेज करने का निर्णय लिया है। इसी कड़ी में बक्सर रेलवे स्टेशन परिसर में एक विशाल एकदिवसीय धरना आयोजित किया जाएगा।


केटी न्यूज/बक्सर।
रेलयात्री कल्याण समिति की बक्सर शाखा ने इटाढ़ी रेलवे गुमटी को तत्काल खोलने तथा हाल ही में 48 घंटे के भीतर ध्वस्त हुए ओवरब्रिज निर्माण प्रकरण की उच्चस्तरीय जांच की मांग को लेकर आंदोलन तेज करने का निर्णय लिया है। इसी कड़ी में बक्सर रेलवे स्टेशन परिसर में एक विशाल एकदिवसीय धरना आयोजित किया जाएगा। इसकी तैयारियों को लेकर स्टेशन के समीप समिति की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित हुई।बैठक की अध्यक्षता शाखा संयोजक वीरेंद्र ओझा ने की, जबकि संचालन वैद्य एस.के. पाण्डेय ने किया। बैठक में समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. सुधीर कुमार सिंह, राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष बीजेन्द्र यादव तथा राष्ट्रीय सचिव पंकज कुमार पटेल विशेष रूप से उपस्थित रहे।

इस दौरान धरना की रूपरेखा, जनसंपर्क अभियान और संगठनात्मक तैयारियों पर विस्तार से चर्चा की गई।बैठक को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. सुधीर कुमार सिंह ने कहा कि इटाढ़ी रेलवे गुमटी को लंबे समय से बंद रखना आम लोगों के हितों की अनदेखी है। उन्होंने आरोप लगाया कि रेल प्रशासन जनभावनाओं की उपेक्षा कर मनमाने ढंग से काम कर रहा है। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में जनता की समस्याओं की अनदेखी स्वीकार नहीं की जाएगी और समिति जनहित के मुद्दे पर लगातार आवाज उठाती रहेगी।शाखा संयोजक वीरेंद्र ओझा ने कहा कि इटाढ़ी गुमटी बंद रहने से शहर और आसपास के लोगों को रोजाना भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।

उन्होंने कहा कि आम नागरिकों की सुविधा को प्राथमिकता देते हुए रेलवे को तत्काल गुमटी खोलने की दिशा में कदम उठाना चाहिए। साथ ही हाल में ओवरब्रिज निर्माण से जुड़े हादसे की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।बैठक में सत्येन्द्र नारायण सिंह, तौकीर आलम, अनिल सिंह, गोलू कुमार, अटल बिहारी गुप्ता समेत समिति के कई पदाधिकारी और सदस्य मौजूद रहे। उन्होंने धरना को सफल बनाने के लिए व्यापक जनसमर्थन जुटाने का संकल्प लिया।

