आस्था पर प्रहार, ओझा बरांव काली व हनुमान मंदिर से चोरों ने उड़ाए सोने-चंादी के आभूषण व कीमती बर्तन
मुरार थाना क्षेत्र के ओझा बरांव गांव में चोरों ने एक ही रात श्रद्धालुओं की आस्था पर प्रहार करते हुए काली मंदिर तथा हनुमान मंदिर से सोने क आभूषण व पीतल के घंटे तथा कीमती बर्तन समेत दो लाख रूपए से अधिक मूल्य की संपति चुरा ली है।
मुरार थाना क्षेत्र के ओझा बरांव गांव में चोरों ने एक ही रात श्रद्धालुओं की आस्था पर प्रहार करते हुए काली मंदिर तथा हनुमान मंदिर से सोने क आभूषण व पीतल के घंटे तथा कीमती बर्तन समेत दो लाख रूपए से अधिक मूल्य की संपति चुरा ली है।
चोरी की यह वारदात शुक्रवार रात की है, शनिवा की सुबह जब ग्रामीण मंदिर मंे पूजा-पाठ करने पहुंचे तथा मेन गेट का टूटा ताला देखे तो उन्हें चोरी की बात समझ में आई। अंदर जाने पर गर्भगृह का ताला भी टूटा था तथा मां काली व हनुमान जी के मूर्ति में लगे सोने की आंखे जिसका अनुमानित मूल्य एक लाख रूपए, 50-50 हजार रूपए मूल्य के कालीजी का चांदी का मुकुट तथा पीतल के तीन बड़े घंटे व करीब 15 हजार रूपए मूल्य के पीतल के बर्तन समेत कुल 2 लाख 15 हजार रूपए मूल्य के आभूषण व बर्तन गायब थे।

सुबह होते ही यह घटना जंगल की आग की तरह पूरे गांव में फैल गई तथा देखते ही देखते मंदिर परिसर में सैकड़ो ग्रामीणों की भीड़ इकट्ठा हो गई।
चोरी की इस वारदात के बाद ग्रामीण श्रद्धालुओं का आक्रोश गहरा गया है। ग्रामीणों का कहना है कि दोनों मंदिरों के प्रति गांव के हर एक परिवार की आस्था जुड़ी है तथा हर सुबह व शाम मंदिरों में बड़ी संख्या में ग्रामीण पूजा-अर्चना करने आते है।
इस संबंध में ग्रामीण ऋषिकेश ओझा ने मुरार पुलिस को एक लिखित आवेदन दिया है, जिसमें जिक्र किया है कि शुक्रवार की शाम छह से सात बजे के बीच शाम की आरती संपन्न होने के बाद मंदिर को बंद कर सभी श्रद्धालु अपने घर चले गए थे, लेकिन शनिवार की सुबह करीब छह बजे जब श्रद्धालु पूजा करने पहुंचे तो दोनों मंदिरों के मुख्य गेट का ताला टूटा मिला।
ग्रामीणों के आवेदन पर मुरार पुलिस मामले की जांच में जुट गई है। वहीं, इस घटना के बाद ग्रामीणों में आक्रोश गहरा गया है। ग्रामीणों ने चोरी की इस घटना का शीघ्र उद्भेदन तथा ग्रामीण मंदिरों की सुरक्षा बढ़ाने की मांग की है।
